Hosea 12 - Turn Thou to Thy God

Hosea recalls Jacob wrestling with God as a call for Israel to return.

Hosea 12: Jacob's Struggle Remembered

Where Hosea 11 recalled God's love for Israel as a child, this chapter looks back further to Jacob, who 'took his brother by the heel in the womb' and later wrestled with the angel at Bethel.


एप्रैम वायु चराता और पुरवाई का पीछा करता रहता है; वह लगातार झूठ और उत्पात को बढ़ाता रहता है; वे अश्शूर के साथ वाचा बाँधते और मिस्र में तेल भेजते हैं।

यहूदा के साथ भी यहोवा का मुकद्दमा है, और वह याकूब को उसके चाल चलन के अनुसार दण्ड देगा; उसके कामों के अनुसार वह उसको बदला देगा।

अपनी माता की कोख ही में उसने अपने भाई को अड़ंगा मारा, और बड़ा होकर वह परमेश्वर के साथ लड़ा।

वह दूत से लड़ा, और जीत भी गया, वह रोया और उसने गिड़गिड़ाकर विनती की। बेतेल में वह उसको मिला, और वहीं उसने हम से बातें की।

यहोवा, सेनाओं का परमेश्वर, जिसका स्मरण यहोवा नाम से होता है।

इसलिए तू अपने परमेश्वर की ओर फिर; कृपा और न्याय के काम करता रह, और अपने परमेश्वर की बाट निरन्तर जोहता रह।

वह व्यापारी है, और उसके हाथ में छल का तराजू है; अंधेर करना ही उसको भाता है।

एप्रैम कहता है, “मैं धनी हो गया, मैंने सम्पत्ति प्राप्त की है; मेरे किसी काम में ऐसा अधर्म नहीं पाया गया जिससे पाप लगे।”

मैं यहोवा, मिस्र देश ही से तेरा परमेश्वर हूँ; मैं फिर तुझे तम्बुओं में ऐसा बसाऊँगा जैसा नियत पर्व के दिनों में हुआ करता है।

मैंने भविष्यद्वक्ताओं के द्वारा बातें की, और बार बार दर्शन देता रहा; और भविष्यद्वक्ताओं के द्वारा दृष्टान्त कहता आया हूँ।

क्या गिलाद कुकर्मी नहीं? वे पूरे छली हो गए हैं। गिलगाल में बैल बलि किए जाते हैं, वरन् उनकी वेदियाँ उन ढेरों के समान हैं जो खेत की रेघारियों के पास हों।

याकूब अराम के मैदान में भाग गया था; वहाँ इस्राएल ने एक पत्नी के लिये सेवा की, और पत्नी के लिये वह चरवाही करता था।

एक भविष्यद्वक्ता के द्वारा यहोवा इस्राएल को मिस्र से निकाल ले आया, और भविष्यद्वक्ता ही के द्वारा उसकी रक्षा हुई।

एप्रैम ने अत्यन्त रिस दिलाई है; इसलिए उसका किया हुआ खून उसी के ऊपर बना रहेगा, और उसने अपने परमेश्वर के नाम में जो बट्टा लगाया है, वह उसी को लौटाया जाएगा।

Ephraim's present dishonesty as a merchant 'with balances of deceit' stands in sharp contrast to Jacob's example, and the judgment intensifies in <a href="/bible/irvhin/hosea/chapter-13">Hosea 13</a>. The call to 'keep mercy and judgment' in verse 6 anticipates Micah's summary of true religion in <a href="/bible/irvhin/micah/chapter-6/8">Micah 6:8</a>.